पंच महापुरुष योग कैलकुलेटर
पंच महापुरुष योग वैदिक ज्योतिष के पाँच श्रेष्ठ योग हैं, जो मंगल, बुध, गुरु, शुक्र और शनि में से किसी के बलवान होकर केंद्र (1, 4, 7, 10वें भाव) में स्थित होने से बनते हैं। शर्त यह है कि ग्रह अपनी उच्च, मूलत्रिकोण या स्वराशि में हो।
पंच महापुरुष योग कैलकुलेटर के बारे में
पाँच योग हैं — रुचक (मंगल): साहस, नेतृत्व और पराक्रम; भद्र (बुध): तीव्र बुद्धि, वाणी और व्यापार-कौशल; हंस (गुरु): ज्ञान, धर्म और सम्मानित परामर्श; मालव्य (शुक्र): सौंदर्य, कला, वैभव और आकर्षण; शश (शनि): जनता पर अधिकार, अनुशासन और स्थायी पद।
जिस कुंडली में एक या अधिक महापुरुष योग बनते हैं, वह व्यक्ति उस ग्रह के गुणों में विशिष्ट होता है। FeelAstro का कैलकुलेटर पाँचों योगों की अलग-अलग जाँच करता है और प्रत्येक ग्रह का बल-विश्लेषण भी देता है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
पंच महापुरुष योग क्या है?
मंगल, बुध, गुरु, शुक्र या शनि के उच्च/मूलत्रिकोण/स्वराशि में होकर केंद्र में स्थित होने से बनने वाले पाँच श्रेष्ठ योग — रुचक, भद्र, हंस, मालव्य और शश — सामूहिक रूप से पंच महापुरुष योग कहलाते हैं।
कौन-सा महापुरुष योग सबसे शुभ है?
पाँचों अपने क्षेत्र में श्रेष्ठ हैं — रुचक पराक्रम देता है, भद्र बुद्धि, हंस ज्ञान, मालव्य वैभव और शश अधिकार। कौन-सा योग आपके लिए प्रभावी होगा, यह ग्रह के बल, भाव और दशा पर निर्भर करता है।
क्या सूर्य या चंद्रमा से महापुरुष योग बनता है?
नहीं। शास्त्रों के अनुसार यह योग केवल पाँच तारा ग्रहों — मंगल, बुध, गुरु, शुक्र, शनि — से बनता है। सूर्य-चंद्र के अपने अलग योग हैं।
यह कैलकुलेटर क्या-क्या जाँचता है?
यह पाँचों ग्रहों की राशि-गरिमा और केंद्र-स्थिति जाँचकर प्रत्येक योग की उपस्थिति बताता है, साथ ही वर्गोत्तम, अस्त और वक्री जैसे बल-कारकों का विश्लेषण भी देता है।
महापुरुष योग का फल कब मिलता है?
मुख्यतः संबंधित ग्रह की महादशा-अंतर्दशा में। योग जितना निर्दोष (अस्त या पीड़ा से मुक्त) होगा, फल उतना स्पष्ट होगा। अपनी दशा जानने के लिए विंशोत्तरी दशा कैलकुलेटर देखें।