योग
शिव योग
शिव योग उच्च नैतिक चरित्र, समृद्धि और आध्यात्मिक पुण्य प्रदान करता है।
देखें कि शिव योग आपकी जन्म कुंडली में कहाँ स्थित है — किस राशि, भाव और नक्षत्र में।
शिव योग उच्च नैतिक चरित्र, समृद्धि और आध्यात्मिक पुण्य प्रदान करता है।
पंचमेश का नवम भाव में, नवमेश का दशम भाव में और दशमेश का पंचम भाव में चक्रीय संबंध भाग्य, कर्म और ज्ञान को शिव के मंगलकारी वृत्त में बांधता है।
— Three Hundred Important Combinations the named raja yogas
निर्माण: पंचमेश नवम भाव में, नवमेश दशम भाव में, और दशमेश पंचम भाव में (त्रि-भाव चक्र)। यह मंच तीनों स्थितियों के मिलकर बंद चक्र बनाने की पुष्टि करता है।
आपकी स्थिति ऊपर दिए गए भाग में दर्शाई गई है: यह बताती है कि शिव योग आपकी कुंडली में कहाँ है और प्रत्येक शब्द को उसके पृष्ठ से जोड़ती है।
व्याख्या — कि यह स्थिति आपके जीवन और समय के लिए क्या अर्थ रखती है — आपकी व्यक्तिगत फलादेश का विषय है, न कि इस संदर्भ पुस्तकालय का।